हृदेश धारवार की क़लम से
भोपाल। मध्यप्रदेश जनसंपर्क विभाग में संचालक की नियुक्ति को लेकर अभी भी पेंच बरकरार है। मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के भांजे दामाद व आईपीएस अधिकारी आशुतोष प्रताप सिंह को संचालक पद से हटाए जाने के बाद से जनसंपर्क विभाग में नए संचालक को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। जनसंपर्क विभाग के संचालक को लेकर वरिष्ठता और योग्यता के बीच पेंच फंसा हुआ है। वरिष्ठता के आधार पर 1982 बैच के अधिकारी एल.आर.सिसोदिया को जनसंपर्क विभाग का संचालक बनाया जा सकता है। तो वहीं योग्यता के आधार पर 1983 बैच के अधिकारी सुरेश चंद्र गुप्ता का नाम सबसे आगे चल रहा है। सूत्रों की माने तो अपर संचालक व माध्यम के कार्यपालन निदेशक मंगला प्रसाद मिश्रा भी संचालक बनने के प्रयास में जुटे हैं। सूत्रों की माने तो योग्यता के अधार पर जनसंपर्क विभाग के अपर संचालक सुरेश चंद्र गुप्ता को संचालक का प्रभार सौंपा जा सकता है। प्रमोशन में आरक्षण का मामला सुप्रीम कोर्ट लंबित होने की वजह संचालक के पद पर किसी को भी प्रमोट नहीं किया जा सकता। सूत्रों का कहना है कि यदि मंगला मिश्रा को माध्यम के कार्यपालन निदेशक के पद से हटाया जाता है तो 1987 बैच के अधिकारी एच.एल.चौधरी या 1982 बैच के अधिकारी एल.आर.सिसोदिया को उनके स्थान पर पदस्थ किया जा सकता है। यह भी बताया जा रहा है कि मंगला मिश्रा को माध्यम से हटाए जाने के आदेश हो गए हैं लेकिन अभी तक अधिकृत तौर पर आदेश जारी नहीं किए गए हैं। चर्चा यह भी है कि मंगला मिश्रा से गाड़ी भी वापस ले ली गई है। इन सबके अलावा वरिष्ठता के आधार पर 1981 बैच के जी.एस.मौर्य का नाम भी चर्चा में है। जी.एस. मौर्य अभी ग्वालियर मुख्यालय में पदस्थ हैं। यदि वरिष्ठता को आधार मानते हुए संचालक की नियुक्ति की जाती है तो जीएस मौर्य सबसे वरिष्ठ अधिकारी हैं उन्हें भी अहम जिम्मेदारी से नवाजा जा सकता है।
