खंडवा। तीर्थनगरी ओंकारेश्वर में मानवता को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक दरिंदे ने 10 साल की बच्ची को घुमाने के बहाने स्कूल से जंगल में ले जाकर अपनी हवस का शिकार बना लिया। जिसके बाद परिजन मासूम को लेकर थाने पहुंचे लेकिन यहां भी पीड़िता की दर्द भरी गुहार सुनने वाला कोई न था।
शिव की नगरी में नाबालिग के साथ ज्यादती करने वाले हैवान के खिलाफ शिकायत कराने पहुंचे पीड़ित के परिजनों को दर दर की ठोकरे खानी पड़ी। बताया जा रहा है कि पीड़ित के परिजन तीन दिन से मांधाता थाने में न्याय की गुहार लगा रहे हैं। लेकिन यहां उसके दर्द की सिसकिया सुनने वाला कोई नहीं था।
दुष्कर्म का आरोपी फरार
बताया जा रहा है कि 5वीं में पढ़ने वाली 10 साल की छात्रा से विगत मंगलवार को स्कूल से बुलाकर जंगल में दुष्कर्म करने का मामला, शनिवार को ओंकारेश्वर पुलिस थाने में दर्ज हुआ। दुष्कर्म का आरोपी अब तक फरार बताया जा रहा है।
3 दिनों तक न्याय की गुहार लगाती रही महिला
बता दें कि आरोपी दुष्कर्म को अंजाम देकर मंगलवार की शाम मासूम को उसके घर छोड़ गया। रात्रि में बच्ची को असहनीय पीड़ा होने पर उसने अपनी दादी को इसकी जानकारी दी। महिला पिछले 3 दिनों से ओंकारेश्वर पुलिस थाने में जाकर घटना की जानकारी देना चाहती थी। लेकिन पुलिस थाने उपस्थित पुलिस कर्मियों द्वारा हर बार उसे वापस लौटा दिया गया।
पीड़िता की शिकायत पर केस दर्ज
घटना के चौथे दिन शुक्रवार को महिला ने इस बात की जानकारी क्षेत्रीय पार्षद कैलाश बावनिया और स्थानीय पत्रकारों को दी। पत्रकारों ने जिला पुलिस अधीक्षक को घटना की जानकारी दी, जिसके बाद स्थानीय पुलिस ने शनिवार को पीड़िता और उसके परिजनों को थाने बुलाया और घटना की जानकारी ली। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।
