नई दिल्ली: चुनाव आयोग ने इस बात को फिर से दोहराया है कि लोकसभा चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आधारित फिल्म की रिलीज पर प्रतिबंध लगाने का उसका निर्णय सही और वैध है. बुधवार को एक सूत्र ने यहां इस बात की जानकारी दी. आयोग ने सोमवार को बॉयोपिक ‘पीएम नरेंद्र मोदी’ से संबंधित अपनी रिपोर्ट एक सीलबंद लिफाफे में सर्वोच्च न्यायालय को सौंपी.
रिपोर्ट में कहा गया है कि इसके मद्देनजर आयोग का यह फैसला सही है कि 19 मई को लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण की वोटिंग के बाद फिल्म को रिलीज किया जाए.
चुनाव आयोग की इस रिपोर्ट पर सर्वोच्च न्यायालय शुक्रवार को फैसला लेगा. आयोग ने अपने वकील राकेश द्विवेदी के माध्यम से अदालत में इस रिपोर्ट को जमा करवाया है. सर्वोच्च न्यायालय की पीठ ने आयोग से इस रिपोर्ट को फिल्म के प्रोड्यूसर के साथ साझा करने का निर्देश दिया. केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (सीबीएफसी) से मंजूरी मिलने के बाद भी फिल्म की रिलीज को रोकने के निर्वाचन आयोग के फैसले के खिलाफ फिल्म के प्रोड्यूसर ने शीर्ष अदालत का रुख किया है.
