सैयद ख़ालिद कैस (भोपाल)- यह बात कम ही देखने सुनने मेँ आती है कि किसी प्रशासनिक अधिकारी वह भी कलेक्टर जो कि ज़िले का मुखिया होता है के तबादले से महिला , पुरुष , पत्रकार , अधीनस्थ कमर्चारियों तक मेँ खुशी का माहोल हो और लोग कलेक्टर के तबादले पर जश्न मनाए मिठाइयाँ बांटे । परन्तु यह बात कल नरसिंहपुर ज़िले मेँ देखने को मिली जब कलेक्टर के तबादले की ख़बर आई लोगों ने दीपावली की तरह जश्न मना लिया । कितना दुख सहन किया होगा लोगों ने जो एक जालिम , मानव अधिकार विरोधी , पत्रकार विरोधी कलेक्टर की रवानगी पर लोगों मेँ हर्ष का माहौल है । सरकार बदलते ही कलेक्टर बदलने और कलेक्टर के बदलने पर लोगों मेँ खुशी का माहौल यह साबित करता है कि शिवराज सरकार मेँ जालिम कलेक्टर के जुल्म के शिकार कमलनाथ सरकार मेँ खुशी महसूस कर रहे हैँ । पूरी ख़बर पर प्रकाश डालती हमारे क्रांतिकारी साथी पत्रकार कि रिपोर्ट –सच्चाई से मुँह छिपाने बाले कलेक्टर अभय वर्मा नरसिंहपुर से आउट…किसानों आमजनो एवं पत्रकारों में खुशी की लहर।
नरसिंहपुर-अपनी विवादित एवं गैरजिम्मेदाराना कार्यप्रणाली के कारण सुर्खियों में रहने बाले कलेक्टर अभय वर्मा अब नरसिंहपुर में नही रहेंगे,सरकार बदलते ही नरसिंहपुर कलेक्टर की भी जिले से छुट्टी कर दी गई है,कलेक्टर अभय वर्मा के साथ किसानो, प्रशासनिक कर्मचारियों, एवं उनका साथ देने बाले पत्रकारों का बड़ा ही दुखद अनुभव रहा है,इन्ही कलेक्टर के कार्यकाल में एनटीपीसी आंदोलन के दौरान 39 किसानों को जेल भेज गया था,इसी कलेक्टर ने कलेक्ट्रेट परिसर में महिलाओं,बच्चों को पिटवाया था।
इसी कलेक्टर के कार्यकाल में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को बलपूर्वक उठाने का प्रयास किया गया था,इसी कलेक्टर ने एक बुजुर्ग को जबरन जेल यात्रा करवाई थी,और इसी कलेक्टर ने सच लिखने बाले पत्रकारों और फर्जी मामले बनवाये थे,और अब कलेक्टर के ट्रांसफर के बाद सभी सताए हुए लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई है,और जश्न की तैयारियां जोरों पर हो रही हैं।
सूत्रों के अनुसार नरसिंहपुर कलेक्टर के जाने के उपरांत विभिन्न स्थानों पर पटाखे फोड़कर एवं मिठाइयां बांटकर जश्न मनाने की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं।
✍ललित श्रीवास्तव”पत्रकार“
