इंदौर। जलूद में होने वाले विभिन्न सुधार कार्यों की शुरुआत 15 जुलाई से होने जा रही है। रविवार को नर्मदा प्रथम और द्वितीय चरण के पंप 12 घंटे बंद रहेंगे और शहर को 180 एमएलडी पानी कम मिलेगा। प्रोजेक्ट अमृत के तहत नगर निगम रविवार से काम शुरू करेगा। इससे 65 दिन शहर में जलसंकट रहेगा।
नर्मदा परियोजना मंडलेश्वर के एक्जीक्यूटिव इंजीनियर एसके कुरील ने बताया कि प्रोजेक्ट अमृत में खास तौर से चार इंटरमीडिएट पंपिंग स्टेशन के क्लीयर वाटर संप्स में लीकेज सुधार और सुदृढ़ीकरण होना है। इसके अलावा चार क्लीयर वाटर पंप गृहों और बिजली उपकेंद्रों के एचटी पैनल व स्टार्टर भी बदले जाना हैं। उपकेंद्रों पर शटडाउन के कारण चार एमवीके के ट्रांसफॉर्मर को बदलकर वहां 10 एमवीके के दो नए ट्रांसफॉर्मर लगाने का काम भी होना है।
रविवार से नर्मदा प्रथम और द्वितीय चरण की 1200 एमएम व्यास की ग्रेविटी मेन को तृतीय चरण की 1800 एमएम व्यास की ग्रेविटी मेन लाइन से जोड़ने का काम होगा। इससे अगले दो महीने शटडाउन के दौरान नर्मदा प्रथम और द्वितीय चरण से जुड़ी टंकियों को भरकर जलापूर्ति संभव हो सकेगी। इंजीनियर ने बताया कि 15 जुलाई को नर्मदा प्रथम और द्वितीय चरण से शहर को मिलने वाला 180 एमएलडी पानी नहीं दिया जाएगा। 16 जुलाई को नर्मदा तृतीय चरण से मिलने वाला 360 एमएलडी पानी नहीं मिलेगा। यह शटडाउन करीब छह घंटे का रहेगा।
