सीहोर से सतीश सेन की रिपोर्ट
सीहोर । जावर तहसील के ग्राम बमुलिया रायमल में साढ़े बत्तीस वर्षो से शासकीय विद्यालय में शिक्षक के रूप में अपनी सेवा दे रहे भावनी प्रसाद सौलंकी को सेवानिवृत्त होने पर शाला परिसर में विदाई के दौरान सरपँच कृपाल सिंह ठाकुर ने बताया अपने गुरु के साढ़े बत्तीस वर्ष के कार्यकाल में गाँव के सैकड़ों बच्चों को शिक्षा प्रदान कर बच्चो का भविष्य बनाने का निरन्तर प्रयास किया और मुझे भी कक्षा एक से पांचवी तक शिक्षा दी और में मेरे गुरु के आशिर्वाद से ग्राम पंचायत बमुलिया रायमल का जनप्रतिनिधी हु आपके सामने ओर सरपंच के रूप में पूरे गांव की सेवा कर रहा हु मुझे शिक्षा देने के साथ व्यवहार शील और संस्कारवान रहने की शिक्षा भी मेरे गुरू ने मुझे दी है में पुनः पूरे बमुलिया गांव की और से मेरे गुरु का स्वागत करता हु
विदाई के दौरान प्रभारी प्रचार्य सहायक शिक्षक भावनी प्रसाद सौलंकी ने सभी स्नेहजनो को धन्यवाद देते हुए कहा कि मेरी साढ़े बत्तीस वर्ष की सेवा के दौरान मुझे मेरे शाला के स्टाप और सभी ग्राम वाशियो का बहुत सहयोग मिला जिसको में कभी भी नही भूल पाऊंगा अपने बच्चों की शिक्षा अच्छे से अच्छी करवाना प्रत्येक शिक्षक का कर्तव्य और धर्म दोनो होता हैं जिसको हमेशा जिमेदारी पूर्वक हमे उसका निर्वहन करना चाहिए और ग्राम बमुलिया रायमल मेरी जन्म भूमि ओर कर्मभूमि दोनो रही है और मेरी जब जब भी जरूरत रहेगी में हमेशा बच्चों और पूरे स्टाप के लिए मौजूद रहूँगा
विदाई के दौरान सरपँच कृपाल सिंह ठाकुर और सूरज सिंह पटेल सदाशिव शर्मा दिनेश शर्मा सरदार सिंह खाला जी सुनेर सिंह ठाकुर उदय सिंह राणा और स्कूल स्टाप से प्रेमनारायण परमार महेश परिहार द्वारा पुष्प माला ओर साफा पहनाकर स्वागत कर विदाई दी गई।
