भोपाल -जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में आठ वर्षीय बालिका के साथ बलात्कार की घटना में पुलिस की चार्जशीट ने दरिंदगी की पोल खोली है।केस को रफा-दफा करने के लिए आरोपियों ने पुलिस की जांच टीम को डेढ़ लाख रुपये की घूस दी थी। इसका खुलासा जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच की टीम ने जांच के दौरान करते हुए चार्जशीट में जिक्र किया है। जनवरी में बच्ची के साथ बलात्कार की घटना ने जम्मू-कश्मीर में माहौल को गरमा दिया है। उधर चार्जशीट पेश करने का वकीलों ने विरोध किया। जिस पर पुलिस ने संबंधित वकीलों पर केस दर्ज किया है। बच्ची से बलात्कार में कुल आठ लोगों को क्राइम ब्रांच ने आरोपी बनाया है।
चार्जशीट में चौंकाने वाली बातेंः बच्ची से बलात्कार की घटना में सभी आठ आरोपियों की भूमिका का जिक्र है। इसमें कई चौंकाने वाली बाते हैं। मसलन जब दस जनवरी की शाम जंगल से लड़की का अपहरण किया गया तो उसके साथ नाबालिग आरोपी ने रेप किया। फिर मेरठ में मौजूद अपने दोस्त विशाल जंगोत्रा को भी रेप करने के लिए बुलाया। वह भी मेरठ से जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले पहुंचा और उसने मंदिर में कैद बच्ची को हवस का शिकार बनाया। चार्जशीट के मुताबिक रेप और हत्या का मास्टरमाइंड रिटायर्ड राजस्व अफसर संजी राम रहा। उसी के कहने पर उसके नाबालिक भतीजे ने लड़की का अपहरण अपने साथी के साथ किया था।
चार्जशीट के मुताबिक बच्ची के पिता मोहम्मद यूसुफ ने 12 जनवरी को थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। मगर जांच में शामिल विशेष पुलिस अधिकारी खजुरिया भी आरोपियों से मिल गए। उन्होंने पहले डेढ़ लाख रुपये घूस में केस रफा-दफा करने की डीलिंग हेड कांस्टेबल के जरिए की। फिर जब आरोपी नाबालिग की हत्या करने जा रहे थे तो उन्हें रोककर कहा-पहले मुझे भी रेप करने दो, फिर हत्या करना।10 जनवरी से अपहृत लड़की का पांच दिन तक बलात्कार चला। फिर 15 जनवरी को गला दबाकर और पत्थर से मारकर हत्या कर दी गई।
यही है वो कुंठित बुड्डा
इसका मानसिक स्तर देखिये
1.जिस उम्र में लोग दुनिया त्याग कर धर्म-कर्म में हिस्सा लेते है उस उम्र में ये हवस का भूखा दरिंदा धार्मिक द्वेष में अपनी पड़पोती की उम्र की बच्ची ( उम्र 8 साल) के साथ बलात्कार करता है।
2. इस घिनोने कृत्य में ये अकेला शामिल नही बल्कि सारी मर्यादाओं को तोड़ते हुवे अपने भतीजे को इस घिनोने कृत्य को करने का आमंत्रण देता है।
3.ओर बात यही खत्म नही होती इस बलात्कार में एक पुलिस अधिकारी भी शामिल होता है और 2 अन्य पुलिस कर्मी साक्ष्य मिटाने में
4. उस मासूम बच्ची को 3 दिन तक भूखा रखा जाता है करंट के शॉक लगाए जाते है नशे की दवाइयां (गोलियां इंजेक्शन) दे दे कर सामूहिक बलात्कार किया जाता है।
5. ये सारा घिनोना कृत्य उस स्थान पर किया जाता है जिसे लोग मंदिर कहते है।जहाँ लोग शांति की तलाश में जाते है, जहां की पवित्रता की कसमें खाई जाती है जहां के बारे में लोग कहते है कि यहां साक्षात भगवान का निवास है।
6. बलात्कार करने के बाद भी भी इनका द्वेष खत्म न हुआ तो उस मासूम की पत्थर से कुचल कर हत्या कर दी जाती है।
7. वहां की बार एसोसिएशन उन आरोपियों के समर्थन में हड़ताल पर चली जाती है ओर बलात्कारियों के समर्थन में तिरंगा यात्रा निकाली जाती है भारत माता के नारे लगाए जाते है।
सोचिए हम कैसे समाज मे जी रहे है जहाँ सही ओर गलत में फ़र्क़ नही बचा।
अपने बेटों, भाइयो ओर रिश्तेदारों को इन संघियो की संगत से महफूज़ रखिये। ये इन्हें अपनी तरह जानवर बना देंगे।
(साभार जनसत्ता से)

