रेवाड़ी। आय से अधिक संपत्ति की शिकायत होने का झांसा देकर उपायुक्त से ही रिश्वत की मांग करने वाला मुख्य आरोपी आखिरकार पुलिस की गिरफ्त में आ गया। शातिर ने डीसी से डेढ़ लाख रुपये की मांग की थी।
पुलिस के मुताबिक ठगी करने वाले गिरोह ने रेवाड़ी के पूर्व उपायुक्त डा. यश गर्ग को ही ब्लैकमेल कर मार्च 2017 में डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत मांग की थी। 4 मार्च 2017 को गर्ग के मोबाइल फोन पर एक नंबर से दो बार मिस्डकॉल आई थी। इसके बाद उसी नंबर से एक एसएमएस मिला, जिसमें लिखा हुआ था डीओपीटी से संबंधित मामला है, अभी बात करें।
आय से अधिक संपत्ति की शिकायत का दिया था झांसा
उपायुक्त गर्ग ने एसएमएस वाले नंबर पर संपर्क किया तो दूसरी ओर बोल रहे व्यक्ति ने अपना नाम एसपी गर्ग बताया। उसने बताया था कि उनकी 225 पेज की पीएमओ कार्यालय से आय से अधिक संपत्ति की शिकायत है। तीन अधिकारी इस मामले को देख रहे हैं। यदि इस मामले को सैटल कराना चाहते हो तो डेढ़ लाख रुपये देने होंगे।
उपायुक्त ने डेढ़ लाख रुपये मांगने की जानकारी तुरंत पुलिस अधीक्षक संगीता कालिया को दी। इसके बाद आरोपी ठग के साथी को पैसे देने के बहाने रेवाड़ी बुला लिया था। जिला फैजाबाद के गांव रुदोली निवासी आरोपी उपेंद्र कुमार पैसे लेने रेवाड़ी पहुंचा तो उसे दबोच लिया गया। पुलिस ने उससे कड़ाई से पूछताछ की जिसके बाद मुख्य आरोपी कमलेश की गिरफ्तारी हुई है। रिमांड पर इसकी ठगी के अन्य मामले खुलने की उम्मीद है।
