पिपरिया-दिनांक22.09.2018को आई.एस. बी.टी. पर भोपाल एवं नर्मदापुरंम संभाग के बस संचालकों की बैठक हुई जिसमें भा.ज.पा.कार्यकर्ता महांकुभ रैली में बसें न देने का निर्णय लिया गया है।यह निर्णय पुरानी रैलियों के बकाया पैसों का भुगतान न होने, सूत्र सेबा बसों के परमिट के आवेदन बर्षों से संचालित बसों के मात्र01,मिनिट से05 मिनिट पहले लगवाने के बिरोध में, तथा शासन की दमन कारी नीतियों के बिरोध में लिया गया है।बस संचालकों की मांग है कि सरकार पहले मार्गों की समीक्षा कराये कि कहां पर समय खाली है।जहां कम से कम 15 मिनिट का समय खाली हो वहीं के परमिट के आवेदन लगवायें, इससे कम समय अन्तर के आवेदन वापस कराये जावे, पुराना बकाया भुगतान शीघ्र करावें, तथा लोक कल्याण कारी नीतियों का सृजन करें डीजल पैट्रौल के भाव नियंत्रित करें।
म.प्र.ट्रांसपोर्ट बर्कर्स फेडरेशन इंटक महामंत्री श्री प्रवेश मिश्रा ने बताया कि सरकार भृम फैला रही है कि सेवा सरकारी बस है जबकि वास्तविकता यह है कि सेवा बसें प्राईवेट कम्पनी की हैं।
सरकार हजारों पुराने बस संचालकों एवं परिवहन कर्मचारियों को, सूत्र सेवा बसों को पुराने संचालकों की बसों के आगे परमिट दिलाकर बैरोजगार करना चाहती है और एक कम्पनी के मालिक को मालामाल करना चाह रही है।और यदि सरकार ऐसा नही करना चाहती तो तुरंत हस्तक्षेप कर सूत्र सेवा को 171 मार्गों से दूर करे।पुराने भुगतान शीघ्र कराये तो हम सब बसें देने तैयार हें |
ब्यूरो पंकज पाल खबरे आजतक पिपरिया
