नई दिल्ली। केंद्र सरकार श्रमिकों के लिए सोशल सिक्योरिटी स्कीम (सामाजिक सुरक्षा योजना) का खाका तैयार कर रही है, जिसका उद्देश्य असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा देना है. श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने सामाजिक सुरक्षा कोड का मसौदा भी तैयार कर लिया है, जिसमें EPFO और ESIC के दायरे में ना आने वाले लोग भी शामिल किए जाएंगे. इस योजना में अनिवार्य पेंशन, विकलांगता और मृत्यु का बीमा, वैकल्पिक चिकित्सा, मातृत्व और बेरोजगारी का कवरेज शामिल है.
चुनाव से पहले लॉन्च की जा सकती है स्कीम
इस योजना में भागीदारी के लिए राज्यों से बात की जा रही है. इस योजना को 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले लॉन्च किया जा सकता है. एक वरिष्ठ श्रम मंत्रालय के अधिकारी ने बताया, ‘EPFO और ESIC में नियोक्ता उतनी ही राशि का योगदान देता है, जितनी राशि कर्मचारी देता है. अगर ऐसी योजनाओं में पूरी आबादी को लाया जा रहा है, तो एक वर्ग ऐसा भी होगा, जो इसके लिए समर्थ नहीं होगा. अब गरीबी रेखा के नीचे आने वाले वर्ग के लिए सरकार योजना बना रही है, जो राज्यों और केंद्र के बीच साझा किया जाना जरूरी है.
