भोपाल । पिछ्ले वर्ष जब महिलाओं की एक भीड़ ने दिल्ली स्थित आध्यात्मिक गुरु देव दीक्षित के मार्डन आश्रम पर धावा बोल कई लड़कियों को मुक्त कराया था , तब सारे देश के सामनें इस कथित गुरु का पाखंड उजागर हुआ था । इसके आश्रम मेँ महिलाओं और लड़कियों को नशा देकर बंधक बनाने एवं परिजनों से नही मिलने के समाचार खूब प्रकाशित हुऐ थे , टीवी चैनलो ने भी हफ्ता भर इस आश्रम की कारगुजारियों पर प्रकाश डाला था । परन्तु वक्त के साथ साथ हम लोग इस कथित गुरु घंटाल और उसके आश्रम को भूल गए थे । तभी एक समाचार ने फ़िर सारी कहानी याद दिला दी ।
क्या हुआ –
आध्यात्मिक गुरु वीरेंद्र देव दीक्षित के खिलाफ नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है। जानकारी के मुताबिक आध्यात्मिक गुरु वीरेंद्र देव पर आरोप है कि 1999 में उसने दिल्ली स्थित अपने आश्रमों में नाबालिग से बलात्कार किया था। गौरतलब हो दिल्ली के रोहिणी के विजय विहार इलाके में अध्यात्मिक विश्वविद्यालय के नाम पर आश्रम चलाने वाले इस ढोंगी बाबा ने खुद को कलयुग का कृष्ण घोषित कर रखा था। इस वहशी बाबा ने 16000 महिलाओं के साथ संबंध बनाने का लक्ष्य रखा, लेकिन इसी की एक अनुयायी महिला को जब अपनी 4 बेटियों के साथ बाबा की घिनौनी करतूत का पता चला तो उसने वहशी बाबा की पोल खोलने की ठान ली। वीरेंद्र देव पर अब तक अलग-अलग थानों में दुष्कर्म समेत कई एफआईआर दर्ज हो चुकी है।
@सैयद ख़ालिद कैस
